भारत में विदेशी यात्री - के. सी. खन्ना Bharat Mein Videshi Yatri - Hindi book by - K. C. Khanna
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भारत में विदेशी यात्री

के. सी. खन्ना

प्रकाशक : नेशनल बुक ट्रस्ट, इंडिया प्रकाशित वर्ष : 1990
पृष्ठ :64
मुखपृष्ठ : पेपरबैक
पुस्तक क्रमांक : 505
आईएसबीएन :0000-0000

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नेशनल बुक ट्रस्ट द्वारा प्रकाशित नेहरू बाल पुस्तकालय की बच्चों के लिए एक सचित्र रोचक पुस्तक

Bharat Mein Videshi Yatri - A hindi book by K. C. Khanna

प्रस्तुत हैं पुस्तक के कुछ अंश

मेगास्थनीज़ और भारत

दूसरे लोग हमारे बारे में क्या सोचते हैं ?

यह सवाल हमेशा कौतूहल से भरा होता है। इसलिए हम उन लोगों द्वारा लिखे विवरणों को बड़ी दिलचस्पी से पढ़ते हैं जो हजारों वर्ष पहले हमारे देश में आये थे। फिर उसकी तुलना हम उससे करते हैं जो आज लोग हमारे बारे में कहते हैं। किन्तु इन यात्रा-कथाओं में हमारी दिलचस्पी का एक और कारण भी है। भारत की प्राचीन इतिहास को जानने का सबसे अच्छा जरिया भी यही है। राजदरबारों की शोभा, धार्मिक उत्सवों के वर्णन, राजनीतिक षडयन्त्रों के ब्योरे और इसी तरह के अनेक प्रसंग पढ़ते-पढ़ते हम राजसी शान-शौकत, नर्तकियों की तड़क-भड़क, षडयन्त्रों, निर्मम हत्याओं और कठोर न्याय की एक अपरिचित दुनिया में पहुँच जाते हैं। इस प्रकार के विवरणों में अपना ही एक आकर्षण है। इसके अलावा इन विवरणों में उस समय की आर्थिक, राजनीतिक और सामाजिक स्थिति का भी पता चलता है।


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