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गीता प्रेस, गोरखपुर >> अमृत वचन अमृत वचनजयदयाल गोयन्दका
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इस पुस्तक में ऐसे दामी अमूल्य वचन हैं जिनमें भगवन्नाम, भगवत्स्मृति, गीताजी निःस्वार्थ सेवा तथा सत्संग की महिमा विशेषता से कही गयी है।
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