लोगों की राय

नारी विमर्श >> आदमी की निगाह में औरत (अजिल्द)

आदमी की निगाह में औरत (अजिल्द)

राजेन्द्र यादव

प्रकाशक : राजकमल प्रकाशन प्रकाशित वर्ष : 2019
पृष्ठ :260
मुखपृष्ठ : पेपरबैक
पुस्तक क्रमांक : 8002
आईएसबीएन :9788126711239

Like this Hindi book 8 पाठकों को प्रिय

253 पाठक हैं

आदमी की निगाह में औरत

Admi Ki Nigah Mein Aurat - A Hindi Book by Rajendra Yadav

प्रस्तुत हैं पुस्तक के कुछ अंश

आदमी की निगाह में औरत / राजेंद्र यादव स्त्री हमारा अंश और विस्तार है। वह हमारी ऐसी जन्मभूमि है जिसे हमने अपना उपनिवेश बना लिया है। यह किताब पिछले चार-पाँच दशकों में विभिन्न विचारोत्तेजक मसलों पर स्त्रियों के पक्ष में दी गई दलीलों के साथ-साथ उन जटिलताओं की ओर भी इशारा करती है, जिन पर हमारा रूढ़िग्रस्त समाज सोच ही नहीं पाता। यह पुस्तक भारतीय समाज में पुनरुत्थानवादी शक्तियों के उभरते दौर में धर्म और नैतिकता की आड़ में सबसे ज्यादा प्रताड़ित हो रही स्त्री की गुलामी की ऐतिहासिक संदर्भों में जाँच-पड़ताल करती है और 21वीं शताब्दी में स्त्री-मुक्ति की राह में खड़ी चुनौतियों से साक्षात्कार कराती है।

प्रथम पृष्ठ

अन्य पुस्तकें

लोगों की राय

No reviews for this book