Grahasth Dharm - A Hindi Book by - Prabodh Kumar Majumdar - गृहस्थ धर्म - प्रबोध कुमार मजुमदार
Hindi / English

शब्द का अर्थ खोजें

पुस्तक विषय
नई पुस्तकें
कहानी संग्रह
कविता संग्रह
उपन्यास
नाटक-एकाँकी
लेख-निबंध
हास्य-व्यंग्य
व्यवहारिक मार्गदर्शिका
गजलें और शायरी
संस्मरण
बाल एवं युवा साहित्य
जीवनी/आत्मकथा
यात्रा वृत्तांत
भाषा एवं साहित्य
प्रवासी लेखक
संस्कृति
धर्म एवं दर्शन
नारी विमर्श
कला-संगीत
स्वास्थ्य-चिकित्सा
योग
बोलती पुस्तकें
इतिहास और राजनीति
खाना खजाना
कोश-संग्रह
अर्थशास्त्र
वास्तु एवं ज्योतिष
सिनेमा एवं मनोरंजन
विविध
पर्यावरण एवं विज्ञान
पत्र एवं पत्रकारिता
ई-पुस्तकें
अन्य भाषा

अगस्त ०३, २०१४
पुस्तकें भेजने का खर्च
पुस्तकें भेजने के सामान्य डाक खर्च की जानकारी
आगे

मूल्य रहित पुस्तकें
सुमन
चन्द्रकान्ता
कृपया दायें चलिए
प्रेम पूर्णिमा
हिन्दी व्याकरण

Grahasth Dharm

गृहस्थ धर्म

<<खरीदें
प्रबोध कुमार मजुमदार<<आपका कार्ट
मूल्य$ 4.95  
प्रकाशकभुवन वाणी ट्रस्ट
आईएसबीएन00-0000-00-0
प्रकाशितमार्च ०३, १९९९
पुस्तक क्रं:2841
मुखपृष्ठ:सजिल्द

सारांश:
Grahasth Dharm

प्रस्तुत हैं पुस्तक के कुछ अंश


कर्म का विद्यान कर्मण्यता, क्रियाशीलता तथा शक्तिमय जीवन का प्रचार करता है। यह न तो पूर्व निर्णित भाग्य, न आलस्य या निष्कर्मता का प्रचार करता है। कर्म शब्द का अर्थ है क्रिया, तेज एवँ प्राण। राम ने यह प्रमाणित किया है कि मनुष्य अपने भाग्य का स्वामी है, वह किसी प्रकार की दासता या गुलामी के आधीन नहीं  है, बल्कि वह अपनी स्थिति का प्रभु है। तब ऐसे मामलों में  अपना-दखल-अन्दाजी क्यों नहीं करते, ऐसे मामलों में आपको अपना कार्य अवश्य करना चाहिए चाहे संसार उसे स्वीकार करे या न करे। लोगों को अपने कर्तव्य के प्रति ध्यान देना चाहिए। यदि किसी व्यक्ति को यह मालूम है कि उपरोक्त बातें सत्य हैं तो इसे इस मामले में जरूर दखल देना चाहिए।

मुख्र्य पृष्ठ  

No reviews for this book..
Review Form
Your Name
Last Name
Email Address
Review
 

   

पुस्तक खोजें

चर्चित पुस्तकें


अन्तिम अरण्य
    निर्मल वर्मा

बीच बहस में
    निर्मल वर्मा

एक चिथड़ा सुख
    निर्मल वर्मा

जलती झाड़ी
    निर्मल वर्मा

कव्वे और काला पानी
    निर्मल वर्मा

वे दिन
    निर्मल वर्मा

  आगे

समाचार और सूचनाऍ

मार्च १५, २०१५
एप्पल आई बुक्स
आगे...
मई १८, २०१३
हमारे संग्रह में ई पुस्तकें भी उपलब्ध हैं। कुछ ई-पुस्तकें यहाँ देखें।
आगे...

एप्पल आई बुक्स

 एप्पल यंत्रों पर हिन्दी पुस्तकें पढ़ें

आगे...

Font :